सरकार ने 1 अप्रैल 2025 से एकीकृत पेंशन योजना (UPS) को लागू करने का निर्णय लिया है। यह योजना उन केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के लिए है जो पहले से राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) में हैं और UPS का विकल्प चुनना चाहते हैं। नीचे दोनों योजनाओं का सरल तुलना‑पाठ दिया गया है।
तुलना बिंदु (NPS बनाम UPS)
लागू होने की स्थिति
- NPS: 2004 के बाद नियुक्त सभी केंद्रीय सरकारी कर्मचारी
- UPS: NPS में शामिल कर्मचारी UPS का विकल्प चुन सकते हैं (1 अप्रैल 2025 से)
योगदान (Contribution)
- NPS: कर्मचारी 10% मूल वेतन + महंगाई भत्ता; सरकार 14%
- UPS: कर्मचारी 10% मूल वेतन + महंगाई भत्ता; सरकार 10% (व्यक्तिगत कोष में) + अतिरिक्त 8.5% (पूल कोष में)
कोष संरचना
- NPS: केवल व्यक्तिगत कोष
- UPS: दो कोष – (i) व्यक्तिगत कोष (कर्मचारी + सरकार बराबर) (ii) पूल कोष (सरकार का अतिरिक्त 8.5%)
निवेश नियंत्रण
- NPS: कर्मचारी निवेश विकल्प चुन सकता है
- UPS: कर्मचारी केवल व्यक्तिगत कोष के लिए विकल्प चुन सकता है; पूल कोष का निवेश सरकार तय करेगी
पेंशन गणना
- NPS: सेवानिवृत्ति पर संचित कोष से वार्षिकी खरीदनी होती है; राशि बाजार दरों पर निर्भर
- UPS:
- 25 वर्ष सेवा → अंतिम 12 माह के औसत मूल वेतन का 50%
- 10–25 वर्ष सेवा → आनुपातिक (प्रो‑राटा) पेंशन
- ≥10 वर्ष सेवा → न्यूनतम ₹10,000 प्रति माह
पारिवारिक पेंशन
- NPS: चुनी गई वार्षिकी पर निर्भर
- UPS: पेंशन का 60% पत्नी/पति को मिलेगा
महंगाई भत्ता (Dearness Allowance)
- NPS: लागू नहीं
- UPS: लागू, सेवारत कर्मचारियों के DA के अनुसार
लम्प‑सम लाभ
- NPS: सेवानिवृत्ति पर 60% तक कोष निकाल सकते हैं
- UPS: अधिवर्षिता पर हर 6 माह की सेवा पर (मूल वेतन + महंगाई भत्ता) का 10% एकमुश्त मिलेगा
स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति
- NPS: सेवा नियमों के अनुसार; पेंशन वार्षिकी पर निर्भर
- UPS: केवल तब जब सेवा ≥25 वर्ष; पेंशन अधिवर्षिता आयु से शुरू होगी
त्यागपत्र/बर्खास्तगी
- NPS: कोष निकासी संभव; वार्षिकी बाजार पर निर्भर
- UPS: कोई पेंशन नहीं; केवल कोष निकासी
जोखिम प्रोफ़ाइल
- NPS: पूरी तरह बाजार‑निर्भर
- UPS: आंशिक बाजार + सरकार की गारंटी
उदाहरण: UPS बनाम NPS (मूल वेतन ₹50,000 मानकर)
10 वर्ष सेवा (120 माह)
- UPS: न्यूनतम गारंटी ₹10,000 + महंगाई भत्ता
- NPS: कोष ~₹12–15 लाख → वार्षिकी ~₹6,000–8,000
15 वर्ष सेवा (180 माह)
- UPS: (₹25,000 × 180/300) = ₹15,000 + महंगाई भत्ता
- NPS: कोष ~₹20–25 लाख → वार्षिकी ~₹10,000–12,000
20 वर्ष सेवा (240 माह)
- UPS: (₹25,000 × 240/300) = ₹20,000 + महंगाई भत्ता
- NPS: कोष ~₹28–32 लाख → वार्षिकी ~₹12,000–14,000
23 वर्ष सेवा (276 माह)
- UPS: (₹25,000 × 276/300) = ₹23,000 + महंगाई भत्ता
- NPS: कोष ~₹35–38 लाख → वार्षिकी ~₹14,000–16,000
25 वर्ष सेवा (300 माह)
- UPS: पूर्ण पेंशन = ₹25,000 + महंगाई भत्ता
- NPS: कोष ~₹40–45 लाख → वार्षिकी ~₹16,000–18,000
मुख्य निष्कर्ष
- UPS में न्यूनतम पेंशन की गारंटी है (₹10,000 से शुरू होकर 25 वर्ष पर अंतिम वेतन का 50%)।
- UPS में महंगाई भत्ता भी मिलता है, जिससे पेंशन समय के साथ बढ़ती है।
- NPS पूरी तरह बाजार पर निर्भर है और वार्षिकी दरें स्थिर रहती हैं, महंगाई भत्ता नहीं मिलता।
- UPS कर्मचारियों को अधिक सुरक्षा और निश्चितता देता है, जबकि NPS लचीला है लेकिन जोखिमपूर्ण।